फिर उठी पारधीढाने में संचालित जुआ घर बन्द करने की मांग !!

बैतूल

पारधीढाने के जुआघर को बंद कराने में भाजपा, कांग्रेस सहित कई एसपी, कलेक्टर नाकामयाब
चार-पांच वर्षाे से नियमित चल रहा है अवैध कारोबार

कमलनाथ विचार सद्भावना मंच ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन

बैतूल। बैतूल शहर के मध्य में में बरसो से बेरोकटोक चल रहे प्रदेश के सबसे बड़े जुंआघर को बंद करना न तो तात्कालीन प्रदेश की भाजपा सरकार के बस में था न ही जिला प्रशासन के बस में अब बारी है तो कांग्रेस की क्या कांग्रेस के शासन काल में पारधीढाने का जुआ बंद हो पाएगा!! जिला मुख्यालय पर इस तरह बेखौफ चल रहे जुआघर को बंद करवाने की यदि बात करे तो एक दिन भी नहीं लगेगा किंतु यह बंद नहीं हो पा रहा है इसकी वजह भी एक पहेली बनी हुई है। बुधवार को कमलनाथ विचार सद्भावना मंच के प्रदेश सचिव अयाज खान ने नवागत कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर शहर के अंदर पारधीढाना में संचालित हो रहे जुआ घर से अवगत कराते हुए उसे बंद करने की मांग की है। सौंपे ज्ञापन में श्री खान ने बताया कि विगत दो-तीन वर्षों से बैतूल शहर के मध्य में स्टेडियम के पास स्थित पारधीढाना में जुआ संचालित किया जा रहा है जिस पैमाने पर यह जुआ संचालित हो रहा है उससे स्पष्ट है कि उसे किसी न किसी स्तर पर राजनीतिक एवं प्रशासनिक संरक्षण भी प्राप्त है। यही कारण है कि जुए के खिलाफ कोई जनप्रतिनिधि अपना मुंह नहीं खोलता और पुलिस भी नियमित जांच पड़ताल नहीं करती है। इस जुआ घर के कारण शहर में अपराधियों की आवाजाही बढ़ गई है और बड़े अपराध होने लगे हैं। ज्ञापन में उन्होंने आरोप लगाया कि अलसिया पारदी का पूर्व से ही अपराधिक रिकॉर्ड है जब वह ग्राम चौथिया थाना मुलताई में रहता था तब भी वहां जुआ चलवाता था जिसके कई मामले मुलताई थाने में दर्ज है। वहीं बैतूल कोतवाली में भी उसके खिलाफ जुए से संबंधित मामले दर्ज हैं। इसके अलावा जिला दंडाधिकारी बैतूल के न्यायालय में जिला बदर की कार्रवाई प्रस्तावित है। इतना सब होने के बावजूद भी पुलिस द्वारा पारधीढाना में नियमित गश्त नहीं की जा रही है और ना ही छापा मार कार्रवाई की जा रही है। जानकारी यहां तक है कि बैतूल मुख्यालय पर जुआ चलाने के अलावा अलस्या द्वारा झल्लार, आठनेर और पाढर में भी जुआ घर संचालित करवाया जा रहा है। इसके द्वारा यहां पर सूदखोरी भी की जाती है जिससे कई परिवार बर्बाद हो चुके हैं। अखबारों में समाचार प्रकाशित होने के बावजूद अब तक यहां कोई कार्रवाई नहीं की गई है। कमलनाथ विचार सद्भावना मंच ने जुआ घर तत्काल प्रभाव से बंद कर अलस्या पारधी पर कार्रवाई करने की मांग की है।

विदित रहे कि इसके पूर्व में भी जिला प्रशासन द्वारा पारधियों द्वारा संचालित अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने का प्रयास किया गया था किंतु विफल रहे इसका प्रमुख कारण पारधीढाने की महिलाएं, बच्चे व पुरूषो ने कलेक्ट्रेट कार्यालय का घेराव कर कलेक्टर से शिकायत यह की कि पुलिस उन्हें प्रताडि़त करती है और उनपर लगे जिला बदर के केस को समाप्त किया जाए। वहीं जानकारो का कहना है कि ये मानवाधिकार और हाईकोर्ट का सहारा लेकर अनावश्यक रूप से जिला प्रशासन पर दबाव बनाकर अपनी बस्ती में अवैध गतिविधियों का खुलेआम संचालन करते आ रहे है।