राष्ट्रीय युवा हिंदू वाहिनी की सक्रियता से परिजनों को मिली बिछड़ी बच्ची

बैतूल

बैतूल। राष्ट्रीय युवा हिन्दू वाहिनी के प्रयास से एक गुमशुदा बच्ची सही सलामत परिजनों को मिल गई। रविवार शाम करीब 7 बजे एक छोटी बच्ची आबकारी रोड पर कुछ युवकों को रोते बिलखते हुई मिली। युवकों ने सूझबूझ का परिचय देते हुए इसकी जानकारी समाजसेवी संस्था राष्ट्रीय युवा हिंदू वाहिनी की जिलाध्यक्ष कविता मालवीय को दी। जानकारी मिलने के बाद श्रीमती मालवीय अन्य पदाधिकारियों के साथ तत्काल मौके पर पहुंची। इस दौरान बच्ची रो रही थी। जब उससे उसके मां-बाप व अन्य के बारे में पूछताछ की गई तो वह कुछ बता नहीं पाई। केवल ऐसे मालूम पड़ रहा था कि बच्ची परिजनों से बिछड़ गई है। कविता मालवीय ने इसकी सूचना डायल-100 को दी। बच्ची को देखकर ऐसा लग रहा था कि वह पारधीढाना या किसी अन्य स्लम एरिए से है। डायल-100 के पहुंचने के बाद बच्ची को समझा बुझाकर पारधीढाना ले गए। वहां पूछताछ करने पर वहां के रहवासियों ने भी बच्ची को पहचानने से इंकार कर दिया। राष्ट्रीय युवा हिंदू वाहिनी की टीम ने शहर के अन्य क्षेत्रों में भी बच्ची के परिजन को तलाशने का प्रयास किया। इसके बाद हिंदू वाहिनी की टीम बच्ची को गंज थाने लेकर पहुंची। थाना प्रभारी सीमा राय ने बच्ची से उसका नाम-पता पूछा। थाना प्रभारी ने वायरलेस के माध्यम से बच्ची जानकारी देकर पतासाजी शुरू की। करीब 2 घंटे की मशक्कत के बाद बच्ची की नानी गंज थाने पहुंची। इसके बाद थाना प्रभारी ने बच्ची को उसकी नानी के सुपुर्द किया। इस प्रकार राष्ट्रीय युवा हिंदू वाहिनी की कार्यकर्ताओं की संवेदनशीलता और सक्रियता के चलते परिवार से बिछड़ी बालिका महज कुछ घंटों में अपने परिजनों से मिल सकी। राष्ट्रीय युवा हिंदू वाहिनी के इस कार्य की थाना प्रभारी एवं डायल-100 कर्मियों ने प्रशंसा की। बच्ची की खोजबीन के दौरान जिलाध्यक्ष कविता मालवीय के साथ लता मालवी का विशेष सहयोग रहा।